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होंडा ईवी योजना रद्द होने से कंपनी को 4 अरब डॉलर तक नुकसान का अनुमान

होंडा ईवी योजना रद्द होने से कंपनी को 4 अरब डॉलर तक नुकसान का अनुमान
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होंडा ईवी योजना में बड़े बदलाव के बाद जापानी ऑटो कंपनी को भारी वित्तीय नुकसान का सामना करना पड़ सकता है। कंपनी ने संकेत दिया है कि इलेक्ट्रिक व्हीकल रणनीति में बदलाव और कुछ योजनाओं को रद्द करने के कारण उसे अरबों डॉलर का नुकसान हो सकता है। कंपनी के ताजा अनुमान के अनुसार वित्त वर्ष मार्च 2026 तक उसे लगभग 4.3 अरब डॉलर तक का घाटा होने की संभावना है।

होंडा ईवी योजना पर अमेरिका की नीति में बदलाव का असर

होंडा ईवी योजना पर अमेरिका में हाल ही में हुए नीतिगत बदलावों का बड़ा प्रभाव पड़ा है। अमेरिका में ईंधन दक्षता मानकों में ढील और इलेक्ट्रिक वाहनों पर मिलने वाली संघीय सब्सिडी खत्म होने से कंपनियों की रणनीतियों पर असर पड़ा है।

इसी कारण होंडा को अपनी ईवी योजनाओं पर दोबारा विचार करना पड़ा है। यह समस्या केवल होंडा तक सीमित नहीं है। इससे पहले हुंडई और फोर्ड जैसी कंपनियां भी अपनी कुछ आगामी इलेक्ट्रिक वाहन परियोजनाओं को रोक चुकी हैं।

चीनी कंपनियों से बढ़ती प्रतिस्पर्धा

होंडा ईवी योजना के सामने एक बड़ी चुनौती चीन की तेजी से बढ़ती इलेक्ट्रिक वाहन कंपनियां भी हैं। चीनी निर्माता कम समय में नए मॉडल विकसित कर बाजार में उतार रहे हैं, जिससे वैश्विक प्रतिस्पर्धा तेज हो गई है।

हाल ही में चीन की प्रमुख कंपनी बीवाईडी के लक्जरी ब्रांड डेंजा ने एक नया इलेक्ट्रिक मॉडल लॉन्च किया है, जिसकी रेंज चीन के सीएलटीसी परीक्षण मानक के अनुसार एक बार चार्ज करने पर लगभग 1,036 किलोमीटर तक बताई गई है। इस तरह के तकनीकी विकास से वैश्विक बाजार में प्रतिस्पर्धा और भी बढ़ रही है।

वित्तीय अनुमान और कंपनी की नई रणनीति

होंडा ईवी योजना में बदलाव के कारण कंपनी ने वित्तीय वर्ष 2026 के लिए रिकॉर्ड नुकसान का अनुमान जताया है। कंपनी के अनुसार ऑपरेटिंग लागत लगभग 820 अरब येन से लेकर 1.12 ट्रिलियन येन तक पहुंच सकती है।

इसके अलावा कंपनी का शुद्ध घाटा लगभग 690 अरब येन यानी करीब 4.3 अरब डॉलर तक पहुंच सकता है। कंपनी ने यह भी संकेत दिया है कि अगले साल भी इलेक्ट्रिक वाहन रणनीति में बदलाव के कारण अतिरिक्त खर्च और नुकसान देखने को मिल सकता है।

हालांकि इन चुनौतियों के बीच कंपनी अब अपने हाइब्रिड वाहनों को मजबूत करने और संसाधनों के बेहतर उपयोग पर ध्यान देने की योजना बना रही है। होंडा मई में अपनी नई वैश्विक व्यापार रणनीति पेश कर सकती है, जिसमें ईवी और हाइब्रिड वाहनों के संतुलन पर खास जोर दिया जाएगा।

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