---Advertisement---

स्टेज 4 लिवर कैंसर क्या है? रिंकू सिंह के पिता की मौत ने बढ़ाई चिंता

स्टेज 4 लिवर कैंसर क्या है? रिंकू सिंह के पिता की मौत ने बढ़ाई चिंता
---Advertisement---

भारतीय क्रिकेटर रिंकू सिंह के पिता खंचंद सिंह का स्टेज 4 लिवर कैंसर के कारण निधन हो गया। वह ग्रेटर नोएडा के एक निजी अस्पताल में भर्ती थे और पिछले कई दिनों से गंभीर स्थिति में वेंटिलेटर पर थे। परिवार और प्रशंसकों के लिए यह खबर बेहद भावुक करने वाली है। इस घटना के बाद स्टेज 4 लिवर कैंसर को लेकर लोगों में जिज्ञासा और चिंता दोनों बढ़ गई हैं।

डॉक्टरों के अनुसार स्टेज 4 लिवर कैंसर बीमारी की अंतिम अवस्था होती है, जिसमें कैंसर लिवर से निकलकर शरीर के अन्य अंगों तक फैल चुका होता है।

स्टेज 4 लिवर कैंसर क्या होता है?

स्टेज 4 लिवर कैंसर को मेटास्टेटिक लिवर कैंसर भी कहा जाता है। इस अवस्था में कैंसर कोशिकाएं लिवर से निकलकर फेफड़ों, हड्डियों या लिम्फ नोड्स जैसे अन्य अंगों तक पहुंच जाती हैं। यही कारण है कि स्टेज 4 लिवर कैंसर को लाइलाज माना जाता है।

लिवर कैंसर आमतौर पर चार चरणों में बढ़ता है। पहले चरण में कैंसर केवल लिवर तक सीमित रहता है। दूसरे चरण में यह रक्त वाहिकाओं तक फैल सकता है। तीसरे चरण में पास के लिम्फ नोड्स प्रभावित होते हैं। चौथे चरण में यह दूर के अंगों तक फैल जाता है, जिसे स्टेज 4 लिवर कैंसर कहा जाता है।

स्टेज 4 लिवर कैंसर के प्रमुख लक्षण

स्टेज 4 लिवर कैंसर के लक्षण शुरुआती चरणों की तुलना में अधिक गंभीर होते हैं। इनमें पीलिया, तेजी से वजन घटना, भूख न लगना, अत्यधिक थकान, पेट में दर्द या सूजन शामिल हैं।

कुछ मरीजों को हड्डियों में दर्द, बार-बार फ्रैक्चर, सांस लेने में तकलीफ और मानसिक स्थिति में बदलाव भी महसूस हो सकता है। लिवर की कार्यक्षमता घटने से हेपेटिक एन्सेफैलोपैथी जैसी समस्या भी हो सकती है।

इलाज और जीवन प्रत्याशा

स्टेज 4 लिवर कैंसर का पूर्ण इलाज संभव नहीं माना जाता, लेकिन उपचार के जरिए बीमारी की प्रगति को धीमा किया जा सकता है। कीमोथेरेपी, टारगेटेड थेरेपी और इम्यूनोथेरेपी जैसी दवाएं मरीज की स्थिति के अनुसार दी जाती हैं।

कुछ मामलों में रेडियोफ्रीक्वेंसी एब्लेशन या ट्रांसआर्टेरियल कीमोएंबोलाइजेशन (TACE) जैसे स्थानीय उपचार भी अपनाए जाते हैं। पेलिएटिव केयर का उद्देश्य मरीज को दर्द और अन्य लक्षणों से राहत देना होता है।

आंकड़ों के अनुसार यदि कैंसर स्थानीय स्तर पर फैला है तो पांच साल जीवित रहने की संभावना लगभग 14 प्रतिशत होती है। यदि यह दूर के अंगों तक फैल चुका है तो यह आंकड़ा करीब 3 प्रतिशत रह जाता है। हालांकि हर मरीज की स्थिति अलग होती है।

जागरूकता क्यों है जरूरी?

स्टेज 4 लिवर कैंसर अक्सर तब पता चलता है जब बीमारी काफी बढ़ चुकी होती है। इसलिए समय पर जांच और लिवर संबंधी लक्षणों को नजरअंदाज न करना बेहद जरूरी है। शराब का अत्यधिक सेवन, हेपेटाइटिस संक्रमण और फैटी लिवर जैसी समस्याएं जोखिम बढ़ा सकती हैं।

रिंकू सिंह के पिता का निधन इस बात की याद दिलाता है कि गंभीर बीमारियों को लेकर जागरूकता और समय पर उपचार कितना महत्वपूर्ण है। स्टेज 4 लिवर कैंसर भले ही अंतिम अवस्था हो, लेकिन आधुनिक चिकित्सा के जरिए जीवन की गुणवत्ता बेहतर बनाई जा सकती है।

read also:

Join WhatsApp

Join Now

---Advertisement---

Leave a Comment