भारत बनाम अफगानिस्तान एकमात्र टेस्ट मैच से पहले भारतीय टीम एक अलग तरह की चुनौती का सामना कर रही है। आईपीएल के लंबे और व्यस्त सीजन के तुरंत बाद खिलाड़ियों को अब टेस्ट क्रिकेट की मानसिकता और दिनचर्या में ढलना पड़ रहा है। देर रात तक चलने वाले मुकाबलों और बदले हुए शेड्यूल के बाद टीम प्रबंधन खिलाड़ियों को रेड-बॉल क्रिकेट के लिए तैयार करने में जुटा है।
भारत बनाम अफगानिस्तान से पहले बदल रही दिनचर्या
आईपीएल फाइनल में हिस्सा लेने वाले कई खिलाड़ी सीधे राष्ट्रीय टीम के साथ जुड़ गए हैं। ऐसे में सबसे बड़ी चुनौती उनकी बॉडी क्लॉक और नींद के चक्र को सामान्य करना माना जा रहा है।
टीम के अभ्यास सत्रों का समय बदला गया है ताकि खिलाड़ी सुबह जल्दी उठने की आदत फिर से विकसित कर सकें। सुबह नाश्ते से लेकर जिम और ट्रेनिंग तक, पूरा कार्यक्रम टेस्ट क्रिकेट की जरूरतों के अनुसार तैयार किया गया है।
टेस्ट क्रिकेट के लिए हो रही खास तैयारी
टी20 क्रिकेट और टेस्ट क्रिकेट की मांगों में बड़ा अंतर होता है। जहां टी20 में आक्रामकता और तेज फैसलों की जरूरत होती है, वहीं टेस्ट क्रिकेट धैर्य, तकनीक और लंबे समय तक एकाग्रता की मांग करता है।
इसी वजह से टीम के अभ्यास सत्रों में लंबे बल्लेबाजी अभ्यास, स्लिप कैचिंग ड्रिल्स और विस्तारित गेंदबाजी स्पेल्स को प्राथमिकता दी जा रही है। खिलाड़ियों को फिर से रेड-बॉल क्रिकेट की मानसिकता में लाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
नींद और फिटनेस पर फोकस
कोचिंग स्टाफ के अनुसार खिलाड़ियों की नींद की आदतों को सामान्य बनाना सबसे महत्वपूर्ण कार्यों में शामिल है। आईपीएल के दौरान अधिकांश मुकाबले देर रात समाप्त होते हैं, जिससे खिलाड़ियों की दिनचर्या पूरी तरह बदल जाती है।
अब फिटनेस टीम सुबह के समय जिम और रिकवरी सत्र आयोजित कर रही है ताकि खिलाड़ी जल्दी उठने और दिन में सक्रिय रहने के लिए खुद को तैयार कर सकें।
मौसम भी बनेगा बड़ी चुनौती
अफगानिस्तान के खिलाफ मुकाबला ऐसे समय में खेला जा रहा है जब तापमान काफी अधिक है। खिलाड़ियों को सुबह के सत्रों में खेलना होगा, जो आईपीएल के रात के मैचों से बिल्कुल अलग अनुभव है।
विशेषज्ञों का मानना है कि खिलाड़ियों को मौसम, शारीरिक थकान और प्रारूप परिवर्तन जैसी कई चुनौतियों का एक साथ सामना करना होगा। हालांकि भारतीय टीम के अनुभवी खिलाड़ी ऐसी परिस्थितियों में खुद को ढालने के लिए जाने जाते हैं।
टीम को खिलाड़ियों पर पूरा भरोसा
टीम प्रबंधन का मानना है कि भारतीय खिलाड़ी पेशेवर हैं और उन्हें पता है कि अलग-अलग प्रारूपों की जरूरतों के अनुसार खुद को कैसे तैयार करना है। पिछले कुछ दिनों में खिलाड़ियों ने अपनी दिनचर्या में बदलाव कर टेस्ट मैच की तैयारी को प्राथमिकता दी है।
भारत बनाम अफगानिस्तान मुकाबला केवल दो टीमों के बीच क्रिकेट मुकाबला नहीं होगा, बल्कि यह भी दिखाएगा कि खिलाड़ी आईपीएल की तेज रफ्तार दुनिया से निकलकर टेस्ट क्रिकेट के पारंपरिक और धैर्यपूर्ण प्रारूप में कितनी जल्दी खुद को ढाल पाते हैं।











